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नेहरू- गांधी परिवार के दामाद राबर्ट वाड्रा पांच राज्यों में विधानसभा चुनावों के बीच फिर चर्चाओं में आ गए. वजह प्रवर्तन निदेशालय द्वारा वाड्रा की कंपनियो से जुड़े परिसरों पर छापेमारी. आठ दिसंबर को भी ईडी ने वाड्रा के सुखदेव विहार स्थित दफ्तर समेत तीन ठिकानों पर दबिश दी. आइए जानते हैं कि राबर्ट वाड्रा कौन हैं और क्यों चर्चा में रहते हैं.राबर्ट वाड्रा 49 साल के हैं. उनके पिता राजेंद्र वाड्रा मुरादाबाद में ब्रासवेयर और वुड हेंडीक्राफ्ट के बड़े व्यापारी थे, जिन्होंने एक स्काटिश मूल की ब्रिटिश महिला मौरिन से शादी की थी. राजेंद्र वाड्रा के पिता पाकिस्तान के सियालकोट से बंटवारे के दौरान भारत आए थे. ये परिवार मुरादाबाद में बसा. वहीं इसने ब्रासवेयर के बिजनेस में हाथ आजमाया. इस बिजनेस में समय के साथ उसकी पकड़ मजबूत होती चली गई.
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वाड्रा का जन्म उत्तर प्रदेश के मुरादाबाद में हुआ. उनके एक भाई और एक बहन थे. बड़ा भाई रिचर्ड और बहन मिशेल. दोनों का ही निधन हो चुका है. रिचर्ड दिल्ली के वसंत विहार स्थित अपने घर में संदिग्ध हालात में मृत पाए गए जबकि बहन मिशेल की एक दुर्घटना में मृत्यु हो गई.इसी तरह रॉबर्ट के पिता राजिंदर भी एम्स दिल्ली के करीब एक छोटे होटल में ठहरे होने के दौरान मरे मिले. अब उनके परिवार उनकी मां मौरिन ही हैं, जो रॉबर्ट की कंपनियों में डायरेक्टर भी हैं.
ब्रिटिश स्कूल में प्रियंका से मिले
चूंकि उनकी मां ब्रिटिश थीं लिहाजा राबर्ट और उनकी बहन मिशेल को नई दिल्ली के प्रसिद्ध द ब्रिटिश स्कूल में दाखिला मिल गया.यहीं प्रियंका गांधी भी पढ़ रही थीं.

रॉबर्ट वाड्रा और प्रियंका (फाइल फोटो)
प्रियंका तब 13 साल की थीं जब उनकी मुलाकात स्कूल में राबर्ट से हुई. मिलवाने वाली थीं रॉबर्ट की बहन मिशेल. जल्दी ही प्रियंका और रॉबर्ट अच्छे दोस्त बन गए. रॉबर्ट नियमित तौर पर 10, जनपथ रोड जाने लगे.
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अर्टेक्स नाम से कंपनी शुरू की
प्रियंका का परिवार जहां देश का हाईप्रोफाइल परिवार है तो वाड्रा परिवार एक व्यावसायी परिवार. दोनों में जमीन आसमान का अंतर था. लिहाजा जब प्रियंका ने रॉबर्ट से शादी की तो हर कोई इस शादी पर अचरज में था. ये शादी 18 फरवरी 1997 में हुई. इसी साल रॉबर्ट ने अर्टेक्स नाम से कास्ट्यूम ज्वैलरी की कंपनी शुरू की. अब उनकी शादी को 21 साल हो चले हैं. उनके एक बेटा रेहान और बेटी मिराया है.
फिलहाल 12 कंपनियों के डायरेक्टर या अन्य पदों पर
लेकिन इसके बाद से रॉबर्ट की संपत्ति तेजी से बढ़ी. नवंबर 2007 से जून 2008 के बीच रॉबर्ट ने छह कंपनियां रजिस्टर्ड की. कारपोरेट अफेयर्स मिनिस्ट्री के रिकॉर्डों के अनुसार वर्ष 2012 में फिर छह कंपनियां और रजिस्टर्ड हुईं. जिसमें या तो रॉबर्ट डायरेक्टर थे या फिर एडिशनल डायरेक्टर.

रॉबर्ट वाड्रा ने शुरुआत में अर्टैक्स नाम से एक कंपनी खोली थी
उनकी जो कंपनी सबसे ज्यादा सुर्खियों में रही है, वो स्काई लाइट हास्पिटीलिटी है. जिसके साथ डीएलएफ की डील विवादों में घिरी. उनकी कंपनियों पर हरियाण और राजस्थान में कौड़ियों के मोल जमीन खरीदने के आरोप भी लगे. जिस हरियाणा सरकार ने जांच भी बिठाई. हालांकि इसकी रिपोर्ट राज्य सरकार ने अब तक सार्वजनिक नहीं की है.
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ये आरोप लगा कि कारपोरेशन बैंक ने उन्हें 7.5 करोड़ रुपए ओवरड्राफ्ट के रूप में दिए. हालांकि कारपोरेशन बैंक ने इसका खंडन कर दिया. तो डीएलएफ ने भी वाड्रा की कंपनी के साथ डील को सामान्य बिजनेस प्रक्रिया बताया. कुछ सालों पहले अरविंद केजरीवाल ने उन पर भ्रष्टाचार के आरोप लगाए थे. उन पर सियासी परिवार के दामाद होने के चलते फायदा लेने की बात कही गई.
फिटनेस फ्रीक और डांस के शौकीन
हालांकि ये रिपोर्ट्स आईं थीं कि वर्ष 2002 में सोनिया गांधी ने कांग्रेसी मुख्यमंत्रियों और नेताओं से रॉबर्ट वाड्रा के किसी भी रिश्तेदार का फेवर नहीं करने को कहा था. इसके बाद रॉबर्ट ने अपने परिवार से नाता तोड़ लिया था.

रॉबर्ट वाड्रा फाइल फोटो
अब रॉबर्ट वाड्रा और उनके परिवार गुडगांव के एक शानदार घर में रहते हैं. रॉबर्ट को पार्टियों का शौकीन होने के साथ फिटनेस फ्रीक माना जाता है. वो डांस के भी शौकीन हैं.
तेज कारें और सुपरबाइक्स पसंद आती हैं
वाड्रा को तेज कारें और सुपरबाइक्स पसंद आती हैं. उनके पास महंगी रेसिंग बाइक्स हैं90 के दशक के आखिर में वाड्रा अपनी मारुति जिप्सी ड्राइव करते हुए दीख जाते थे. अब उनके पास कई सुपर लग्जरी कारें हैं, जिसमें जगुआर, मर्सीडीज, लैंड रोवर और बीएमड्ब्ल्यू शामिल हैं.
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