Thursday, 1 February 2018

बजट 2018: हरित संस्थाओं ने कहा कि केंद्र ने वायु प्रदूषण मुद्दे पर दिया कम ध्यान


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दिल्ली और एनसीआर के राज्यों में बढ़ते वायु प्रदूषण से निपटने के लिए केंद्र की एक विशेष योजना की घोषणा के बीच हरित संस्थाओं ने कहा कि ‘‘राष्ट्रीय आपातकाल’’ के मुद्दे को संक्षेप में निपटा दिया गया और राष्ट्रीय स्वच्छ हवा कार्यक्रम (एनसीएपी) का जिक्र नहीं होना निराशाजनक है .

वायु प्रदूषण से निपटने के लिए कार्यक्रम में आए तेजी

सेंटर फोर साइंस एंड इनवायरोमेंट (सीएसई) ने कहा कि कार्यक्रम को शीघ्र शुरू करना होगा क्योंकि समय बीतता जा रहा है. लोकसभा में बजट पेश करते हुए केंद्रीय वित्त मंत्री अरूण जेटली ने कहा कि राष्ट्रीय राजधानी में बढ़ते वायु प्रदूषण के समाधान के लिए दिल्ली सरकार और पास के राज्यों के साथ एक विशेष योजना लागू की जाएगी .
बजटीय आवंटन न करना निराशाजनक 

स्वच्छ हवा के लिए मुहिम चला रही संस्था ग्रीनपीस इंडिया के सुनील दहिया ने कहा कि वित्त मंत्री द्वारा चिंता के कारण के रूप में वायु प्रदूषण का जिक्र, कुछ उम्मीदें जगाती है. उन्होंने कहा, ‘‘हालांकि, राष्ट्रीय स्वच्छ हवा कार्यक्रम (एनसीएपी) का जिक्र नहीं होना या इसके लिए बजटीय आवंटन नहीं करने करने की घोषणा निराशाजनक है. इसके बारे में संसद में पिछले साल सरकार ने प्रतिबद्धता जतायी थी’’यह भी पढ़ें-
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