Thursday, 27 September 2018

E-KYC बंद होने से नए कस्टमर्स के रजिस्ट्रेशन में आएगी परेशानी : दूरसंचार विभाग


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दूरसंचार विभाग ने कहा है कि टेलीकॉम कंपनियों के लिए ‘नो यॉर कस्टमर’ (ई- केवाईसी) की इलेक्ट्रानिक प्रणाली को बंद कर दिए जाने के बाद नए ग्राहकों के रजिस्ट्रेशन में दिक्कत आ सकती है. विभाग का कहना है कि उच्चतम न्यायालय के आधार पर दिए फैसले के बाद यह कदम उठाया गया है.दूरसंचार सचिव अरुण सुंदरराजन ने पत्रकारों से कहा कि वह भारत विशिष्ट पहचान प्राधिकरण (यूआईडीएआई), विधि मंत्रालय के अधिकारियों तथा दूरसंचार सेवाप्रदाताओं से मिलेंगे, जिससे सुप्रीम कोर्ट के आदेश का अनुपालन सुनिश्चित हो सके. उच्चतम न्यायालय ने दूरसंचार कंपनियों से नए कनेक्शन लेने के मामले में ई-केवाईसी बंद कर दी है.


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इसका मतलब है कि मोबाइल सर्विस प्रोवाइडर और अन्य निजी इकाइयां ग्राहक पंजीकरण के लिए आधार की मांग नहीं कर सकती हैं. उद्योग सूत्रों का कहना है कि सभी दूरसंचार आपरेटर पूर्ण रूप से ई-केवाईसी की ओर स्थानांतरित हो चुके हैं और वे ग्राहकों के सत्यापन को आधार का इस्तेमाल कर रहे हैं. ऐसे में इस प्रणाली के हटने बाद उनके लिए नए ग्राहकों को जोड़ना काफी चुनौतीपूर्ण होगा.यह भी पढ़ें: टेलीकॉम कंपनियों को जल्द मिलेगी बड़ी राहत!


गौरतलब है कि शीर्ष अदालत ने आधार योजना को संवैधानिक रूप से वैध करार देते हुए आधार कानून की धारा 57 को समाप्त कर दिया है. यह धारा निजी इकाइयों को आधार आंकड़ों के इस्तेमाल की अनुमति देती है. दूरंसचार विभाग के एक अधिकारी ने कहा कि विभाग जल्द ई-केवाईसी के डिजिटल सत्यापन की वैकल्पिक व्यवस्था लेकर आएगा.


एक अधिकारी ने कहा कि दूरसंचार आपरेटरों को ग्राहक पंजीकरण की पुरानी प्रणाली की ओर लौटना होगा या उन्हें ईकेवाईसी का अन्य तरीका अपनाना होगा. अधिकारी ने कहा, “हमें देखना होगा कि क्या दूरसंचार आपरेटरों को ग्राहक पंजीकरण के पुराने तरीके पर लौटने की जरूरत है या ई-केवाईसी का कोई अन्य तरीका भी हो सकता है.”


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