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दिल्ली में सीलिंग के मुद्दे पर भारतीय जनता पार्टी और आम आदमी पार्टी के बीच जंग जारी है. राष्ट्रीय राजधानी स्थित मटियाला में हुई महापंचायत के दौरान मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने कहा कि दिल्ली में बीते एक साल से सीलिंग के नाम पर बीजेपी की गुंडागर्दी चल रही है.उन्होंने कहा कि बीजेपी के नाम पर हज़ारों दुकानें सील कर दीं. दुकानों के बाद फैक्ट्रियों को सील करने का काम शुरू कर दिया और यहाँ लोगों से बातचीत में पता चला कि कुछ घरों को भी सील करने के नोटिस आ गए हैं.सीलिंग का सारा काम केंद्र, एमसीडी और डीडीए के अधीन है. केंद्र में बीजेपी की सरकार है, एमसीडी में बीजेपी की सरकार है और डीडीए में भी बीजेपी की ही सरकार है.
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केजरीवाल ने कहा कि, बीजेपी को केवल चार लाइन का एक अध्यादेश लोकसभा में पास करना है कि अगले पांच सालों तक जो दुकान जहाँ हैं, जो मकान जहाँ हैं, जो फैक्ट्री जहाँ हैं, उसको नहीं तोड़ेंगे, किसी की दुकान, कोई भी फैक्ट्री, जो प्रदूषण नहीं पैदा करती, और कोई भी मकान सील नहीं किया जाएगा. सभी मिलकर इसका कोई समाधान निकालेंगे. सिर्फ ये चार लाइन के अध्यादेश से दिल्ली की सीलिंग रोकी जा सकती है लेकिन बीजेपी जानबूझकर ऐसा नहीं कर रही है.यह भी पढ़ें: सीलिंग केस में मनोज तिवारी को बड़ी राहत, अवमानना कार्रवाई नहीं करेगा SC
अरविंद केजरीवाल ने कहा कि मैं मानता हूँ इन सभी समस्याओं से निपटने के लिए जो कानून बनाने हैं उनको बनाने में समय लगेगा, परन्तु केंद्र सरकार के एक चार लाइन के अध्यादेश से वो समय सरकार को मिल जाएगा. अध्यादेश के बाद सरकार आसानी से दिल्ली में बनी दुकानों, फैक्ट्रियों को रेगुलराइज करने या इसका कोई और समाधान निकालने पर काम कर सकेगी.
बीजेपी सांसद मनोज तिवारी पर निशाना साधते हुए केजरीवाल ने कहा कि एक तरफ तो बीजेपी सीलिंग करवाती है और दूसरी तरफ वह एक घर की सीलिंग तोड़कर जनता से हमदर्दी का नाटक करते हैं. उन्होंने कहा की मैं चैलेंज करता हूँ मनोज तिवारी जी को, आपको तो कोर्ट से भी सजा नहीं मिली, अगर सच में दिल्ली की जनता से हमदर्दी है तो दिल्ली में हुई सारी दुकानों की, सारी फैक्ट्रियों और सभी घरों की सीलिंग तोड़कर दिखाओ, तब मानें कि आप सच में जनता के हमदर्द हैं.
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